नोएडा (04 दिसंबर, 2024): पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान यमुना एक्सप्रेसवे के जीरो प्वाइंट पर आज सुबह से ही महापंचायत के लिए जुटने लगे हैं। किसानों की गिरफ्तारी के विरोध में भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के नेता राकेश टिकैत ने यह महापंचायत बुलाई है। भारी संख्या में किसान अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली और निजी वाहनों से पहुंच रहे हैं।
किसानों का प्रदर्शन तेज
राकेश टिकैत ने साफ कहा है कि जब तक गिरफ्तार किसानों को रिहा नहीं किया जाता, तब तक कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा। महापंचायत में आंदोलन की आगे की रणनीति पर चर्चा होगी। किसानों का कहना है कि यह संघर्ष उनके सम्मान और अधिकारों की लड़ाई है।
पुलिस की सख्ती
महापंचायत को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। 30 से अधिक स्थानों पर बैरिकेडिंग की गई है और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस का प्रयास है कि बाहरी जिलों से आने वाले किसानों को रोक दिया जाए।
ट्रैफिक जाम की आशंका
महापंचायत के कारण एक्सप्रेसवे और शहर के अंदर ट्रैफिक जाम की स्थिति बन रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वह वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें।
किसानों की मांग
किसानों का आरोप है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने के बावजूद उन्हें जेल भेजा गया, जो गलत है। किसान नेता ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगे नहीं मानी गईं तो आंदोलन और बढ़ हो सकता है।
महापंचायत में शामिल होने के लिए मेरठ, मुजफ्फरनगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, गाजियाबाद और आसपास के जिलों से किसानों का हुजूम उमड़ सकता है। प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है, लेकिन स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है।।
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