इंदौर जल त्रासदी के बाद नोएडा में अलर्ट मोड: CEO की हाईलेवल बैठक | Noida Authority

टेन न्यूज नेटवर्क

NOIDA News (09 जनवरी, 2026): इंदौर में जल प्रदूषण (Water Contamination) के कारण हुई जनहानि की गंभीर घटना को चेतावनी मानते हुए नोएडा प्राधिकरण पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। इसी क्रम में नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) द्वारा शुक्रवार को विभिन्न विभागों की एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें स्पष्ट संदेश दिया गया कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में इंदौर प्रकरण का विशेष उल्लेख करते हुए CEO ने कहा कि यदि जल आपूर्ति (Water Supply) और स्वच्छता व्यवस्था (Sanitation System) में समय रहते तकनीकी खामियों की पहचान नहीं की गई, तो इसके गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए जल विभाग के अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय तकनीकी समिति (Technical Committee) गठित की गई है, जो पाइपलाइनों में रिसाव (Leakage), जंग (Corrosion) और जलाशयों व वॉटर एटीएम (Water ATM) में पानी की शुद्धता की गहन जांच करेगी। समिति विभिन्न क्षेत्रों से सैंपल लेकर विस्तृत रिपोर्ट शीघ्र प्रस्तुत करेगी, ताकि भविष्य में इंदौर जैसी घटना की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।

गंगा जल परियोजना (Ganga Jal Project) की समीक्षा करते हुए CEO ने निर्देश दिए कि 80 क्यूसेक क्षमता से संबंधित सभी कार्य जनवरी 2026 तक हर हाल में पूरे किए जाएं, जिससे शहर को सुरक्षित और शुद्ध जल आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि पानी की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होगा।

सड़क और शहरी बुनियादी ढांचे (Urban Infrastructure) की समीक्षा के दौरान भी इंदौर मामले से सबक लेते हुए समयबद्ध कार्यों पर जोर दिया गया। मास्टर प्लान रोड-3 (Master Plan Road-3) के सुधार के लिए एसीईओ श्रीमती वंदना त्रिपाठी और ओएसडी श्री महेंद्र प्रसाद की सदस्यता वाली एक विशेष टीम गठित की गई है, जिसने पूरे स्ट्रेच का निरीक्षण कर लिया है और 15 दिनों के भीतर विस्तृत कार्ययोजना सौंपेगी।

तालाबों के निर्माण कार्य में हो रही देरी पर CEO ने गहरी नाराजगी जताते हुए कहा कि जल संरक्षण (Water Conservation) में किसी भी प्रकार की सुस्ती भविष्य में गंभीर संकट को जन्म दे सकती है। निर्माण कार्य में ढिलाई बरतने वाले ठेकेदारों और अधिकारियों को अंतिम चेतावनी जारी करते हुए कार्य में तत्काल तेजी लाने के निर्देश दिए गए।

स्वास्थ्य एवं जन स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा में शहर की सफाई व्यवस्था को इंदौर प्रकरण से जोड़ते हुए CEO ने कहा कि गंदगी और जलभराव बीमारियों की जड़ बनते हैं। इसके मद्देनज़र सफाई कार्यों के लिए अत्याधुनिक मैकेनाइज्ड मशीनें (Mechanized Machines) और नालों की सफाई के लिए मीडियम साइज उपकरण खरीदे जाने के निर्देश दिए गए। कार्य में शिथिलता पाए जाने पर जन स्वास्थ्य विभाग के चार में से तीन सहायक परियोजना अभियंताओं—उमेश चंद, राहुल गुप्ता और सुशील कुमार—को कारण बताओ नोटिस (Show Cause Notice) जारी करते हुए उनके वेतन आहरण पर अगले आदेश तक रोक लगा दी गई है।


प्रिय पाठकों एवं दर्शकों, प्रतिदिन भारत सरकार , दिल्ली सरकार, राष्ट्रीय एवं दिल्ली राजनीति ,   दिल्ली मेट्रो, दिल्ली पुलिस तथा दिल्ली नगर निगम, NDMC, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की ताजा एवं बड़ी खबरें पढ़ने के लिए hindi.tennews.in : राष्ट्रीय न्यूज पोर्टल को विजिट करते रहे एवं अपनी ई मेल सबमिट कर सब्सक्राइब भी करे। विडियो न्यूज़ देखने के लिए TEN NEWS NATIONAL यूट्यूब चैनल को भी ज़रूर सब्सक्राइब करे।

टेन न्यूज हिंदी | Ten News English | New Delhi News | Greater Noida News | NOIDA News | Yamuna Expressway News | Jewar News | NOIDA Airport News.


Discover more from टेन न्यूज हिंदी

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

टिप्पणियाँ बंद हैं।