वक्फ संशोधन अधिनियम: सुप्रीम कोर्ट ने टाली सुनवाई, सरकार को संपत्तियों पर कार्रवाई से रोका

टेन न्यूज़ नेटवर्क

नई दिल्ली (17 अप्रैल 2025): सुप्रीम कोर्ट में वक्फ संशोधन अधिनियम को लेकर सुनवाई हुई, जिसमें सरकार और याचिकाकर्ताओं के बीच तीखी बहस देखने को मिली। इस मामले में याचिकाकर्ता पक्ष की ओर से एडवोकेट बरुण कुमार सिन्हा ने स्पष्ट किया कि सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल अधिनियम पर कोई रोक नहीं लगाई है। हालांकि, भारत सरकार के सॉलिसिटर जनरल ने अदालत को भरोसा दिलाया कि नए अधिनियम के तहत फिलहाल वक्फ बोर्ड या परिषद में कोई नियुक्ति नहीं की जाएगी। अदालत ने सरकार से कहा कि वह रजिस्टर्ड और गजेटेड वक्फ-बाय-यूजर संपत्तियों को अगली सुनवाई तक डी-नोटिफाई न करें

सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने अदालत को यह भी कहा कि संसद द्वारा पारित कानून पर सुप्रीम कोर्ट रोक नहीं लगा सकता। सॉलिसिटर जनरल ने जोर देकर कहा कि केंद्र इस मामले पर रोजाना सुनवाई के लिए भी तैयार है। सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि केंद्र सरकार 7 दिनों के अंदर अपना जवाब कोर्ट के समक्ष पेश करेगी। सरकार की इस दलील को अदालत ने संज्ञान में लिया और फिलहाल अधिनियम की वैधता पर निर्णय टालते हुए यह स्पष्ट किया कि सरकार अन्य वक्फ संपत्तियों पर कार्रवाई के लिए स्वतंत्र है। कोर्ट ने यह भी संकेत दिया कि वह इस मुद्दे को जल्द सुलझाने के पक्ष में है।

यह मामला अब 5 मई के लिए सूचीबद्ध कर दिया गया है, जब इस पर औपचारिक रूप से सुनवाई शुरू होगी। वक्फ अधिनियम में किए गए संशोधनों को लेकर कई वर्गों में चिंता जताई जा रही है, खासकर वक्फ-बाय-यूजर संपत्तियों की पहचान और अधिकारों को लेकर। ऐसे में यह मामला संवेदनशील बन चुका है और इसके परिणाम का असर देशभर की वक्फ संपत्तियों पर पड़ सकता है। कोर्ट की अगली सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी होंगी।


प्रिय पाठकों एवं दर्शकों, प्रतिदिन नई दिल्ली, दिल्ली सरकार, दिल्ली राजनीति, दिल्ली मेट्रो, दिल्ली पुलिस, दिल्ली नगर निगम, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की ताजा एवं बड़ी खबरें पढ़ने के लिए hindi.tennews.in : हिंदी न्यूज पोर्टल को विजिट करते रहे एवं अपनी ई मेल सबमिट कर सब्सक्राइब भी करे। विडियो न्यूज़ देखने के लिए TEN NEWS NATIONAL यूट्यूब चैनल को भी ज़रूर सब्सक्राइब करे।

टिप्पणियाँ बंद हैं।