National News (03/01/2026): सरकार ने सिगरेट पर टैक्स लगाने का एक नया और सटीक तरीका तैयार किया है, जिसमें सिगरेट की लंबाई और उसके प्रकार को मुख्य आधार बनाया गया है। नियम यह है कि सिगरेट जितनी लंबी होगी, उस पर टैक्स उतना ही ज्यादा लगेगा। उदाहरण के लिए, एक साधारण 65mm की बिना फिल्टर वाली सिगरेट पर लगभग 0.25 रुपये का टैक्स लगेगा, जबकि 70–75mm वाली लंबी प्रीमियम सिगरेट पर यह टैक्स 5.50 रुपये प्रति स्टिक तक होगा। सबसे महंगी यानी लग्जरी सिगरेट पर तो 8.50 रुपये प्रति स्टिक का भारी टैक्स लगाया गया है। इस बदलाव की वजह से सिगरेट की कीमतें 15% से 20% तक बढ़ सकती हैं, जिसका मतलब है कि जो सिगरेट अभी 18 रुपये की मिलती है, वह बढ़कर 21 या 22 रुपये की हो जाएगी।
इस खबर का शेयर बाजार पर तुरंत असर पड़ा और खबर आते ही ITC जैसी बड़ी कंपनी के शेयरों में 10% की भारी गिरावट दर्ज की गई। जानकारों का कहना है कि सिगरेट बनाने वाली कंपनियां टैक्स का यह पूरा बोझ ग्राहकों पर एक साथ नहीं डालेंगी, क्योंकि उन्हें डर है कि अचानक दाम बढ़ाने से बिक्री एकदम से गिर सकती है। इसके बजाय, कंपनियां अगले कुछ महीनों में धीरे-धीरे दाम बढ़ाएंगी ताकि वे देख सकें कि बढ़ी हुई कीमतों पर ग्राहकों का क्या रुख रहता है।
जनस्वास्थ्य की दृष्टि से देखें तो भारत में करीब 10 करोड़ लोग धूम्रपान करते हैं और हर साल तंबाकू से लगभग 13 लाख मौतें होती हैं, इसलिए सरकार कीमतों को बढ़ाकर युवाओं और कम आय वाले लोगों को इस लत से दूर रखना चाहती है। राजस्व के मामले में तंबाकू से फिलहाल हर साल 7,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई होती है और अब इस नए टैक्स से मिलने वाले अतिरिक्त पैसे का इस्तेमाल स्वास्थ्य सेवाओं और तंबाकू विरोधी अभियानों को चलाने में किया जाएगा। हालांकि, इस बढ़ोतरी के बाद भी भारत में तंबाकू पर कुल टैक्स करीब 53% तक ही पहुँचेगा, जो विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के 75% टैक्स वाले वैश्विक मानक से अब भी काफी कम है।
हालांकि टैक्स बढ़ाना तंबाकू के सेवन को कम करने के लिए एक बड़ा कदम है, लेकिन इसके अपने कुछ जोखिम भी हैं। जानकारों को डर है कि सिगरेट महंगी होने पर लोग बीड़ी जैसे सस्ते और ज्यादा खतरनाक विकल्पों की ओर बढ़ सकते हैं या फिर बाजार में अवैध और नकली सिगरेट की तस्करी बढ़ सकती है।
इसके अलावा, जो गरीब लोग इस लत को नहीं छोड़ पाते, उन पर इसका बुरा असर पड़ेगा, उनकी कमाई का एक बड़ा हिस्सा बच्चों की शिक्षा या भोजन जैसी जरूरी चीजों के बजाय सिगरेट पर खर्च होने लगेगा। इस नई नीति की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि क्या बढ़े हुए दाम सच में लोगों की सिगरेट पीने की आदत को कम करते हैं या वे बस सस्ते और असुरक्षित नशों की तरफ मुड़ जाते हैं।
डिस्क्लेमर: यह लेख / न्यूज आर्टिकल सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध जानकारी और प्रतिष्ठित / विश्वस्त मीडिया स्रोतों से मिली जानकारी पर आधारित है।यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। पाठक कृपया स्वयं इस की जांच कर सूचनाओं का उपयोग करे ॥
प्रिय पाठकों एवं दर्शकों, प्रतिदिन भारत सरकार , दिल्ली सरकार, राष्ट्रीय एवं दिल्ली राजनीति , दिल्ली मेट्रो, दिल्ली पुलिस तथा दिल्ली नगर निगम, NDMC, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की ताजा एवं बड़ी खबरें पढ़ने के लिए hindi.tennews.in : राष्ट्रीय न्यूज पोर्टल को विजिट करते रहे एवं अपनी ई मेल सबमिट कर सब्सक्राइब भी करे। विडियो न्यूज़ देखने के लिए TEN NEWS NATIONAL यूट्यूब चैनल को भी ज़रूर सब्सक्राइब करे।
टेन न्यूज हिंदी | Ten News English | New Delhi News | Greater Noida News | NOIDA News | Yamuna Expressway News | Jewar News | NOIDA Airport News.
Discover more from टेन न्यूज हिंदी
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
टिप्पणियाँ बंद हैं।