SIR में वोटर लिस्ट से नाम कटने पर घबराने की जरूरत नहीं, फॉर्म-6 से दोबारा जुड़वा सकेंगे नाम
टेन न्यूज़ नेटवर्क
New Delhi News (17 October 2026): दिल्ली में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के दौरान मतदाता सूची से नाम हटने के बाद परेशान लोगों के लिए राहत की खबर है। दिल्ली हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि जिन मतदाताओं के नाम सूची से कट गए हैं, वे दोबारा नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म-6 भरकर आवेदन कर सकते हैं। कोर्ट ने कहा कि पहले से मतदाता होने के बावजूद इस फॉर्म को भरने पर गलत घोषणा करने के आरोप में कानूनी कार्रवाई होने का डर रखने की जरूरत नहीं है। इस फैसले से उन लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो नाम कटने के बाद दोबारा पंजीकरण कराने को लेकर असमंजस में थे।
दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस अदिति चौधरी की पीठ ने इस मामले में सुनवाई करते हुए याचिकाकर्ताओं की आशंकाओं को गलतफहमी बताया। याचिकाकर्ताओं के नाम पुराने पते से दूसरी जगह जाने और SIR के दौरान कैलकुलेशन फॉर्म पूरा नहीं हो पाने के कारण मतदाता सूची से हट गए थे। ये लोग पहले से मतदाता थे और चुनावों में मतदान भी कर चुके थे। ऐसे में उन्हें चिंता थी कि यदि वे दोबारा नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म-6 भरते हैं, तो उन पर गलत जानकारी देने या गलत घोषणा करने का आरोप लग सकता है।
दरअसल, फॉर्म-6 का इस्तेमाल मतदाता सूची में नए मतदाताओं का नाम शामिल कराने के लिए किया जाता है। इस फॉर्म में आवेदक को घोषणा करनी होती है कि उसका नाम किसी अन्य मतदाता सूची में शामिल नहीं है। इसी शर्त के कारण पहले से मतदाता रहे लोगों के मन में कानूनी कार्रवाई का डर था। हालांकि, हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी के निर्देश पर चुनाव आयोग के वकील ने ही याचिकाकर्ताओं को फॉर्म-6 भरने का सुझाव दिया था। ऐसे में फॉर्म भरने के आधार पर कानूनी कार्रवाई होने की आशंका निराधार है।
हाईकोर्ट ने प्रभावित मतदाताओं को नाम दोबारा जुड़वाने के लिए आवेदन करने का रास्ता भी स्पष्ट किया है। कोर्ट के मुताबिक, जिन लोगों के नाम SIR के दौरान मतदाता सूची से हट गए हैं, वे निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट या दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के पोर्टल के माध्यम से फॉर्म-6 भरकर आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद संबंधित अधिकारी इन आवेदनों पर कानून और निर्धारित नियमों के अनुसार विचार करेंगे। इस प्रक्रिया के तहत मतदाताओं को अपना नाम दोबारा सूची में शामिल कराने के लिए आवेदन करने का अवसर मिलेगा।
हालांकि, फॉर्म-6 जमा करने का मतलब यह नहीं है कि मतदाता का नाम अपने आप सूची में जुड़ जाएगा। आवेदन की जांच संबंधित अधिकारी करेंगे और नियमानुसार निर्णय लिया जाएगा। दिल्ली हाईकोर्ट के इस फैसले से उन मतदाताओं की चिंता दूर होने की उम्मीद है, जो पहले मतदान कर चुके हैं, लेकिन SIR के दौरान नाम हटने के बाद दोबारा पंजीकरण कराने से डर रहे थे। कोर्ट के स्पष्टीकरण से ऐसे मतदाताओं को आवेदन करने की प्रक्रिया अपनाने में मदद मिलेगी।
प्रिय पाठकों एवं दर्शकों, प्रतिदिन भारत सरकार , दिल्ली सरकार, राष्ट्रीय एवं दिल्ली राजनीति , दिल्ली मेट्रो, दिल्ली पुलिस तथा दिल्ली नगर निगम, NDMC, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की ताजा एवं बड़ी खबरें पढ़ने के लिए hindi.tennews.in : राष्ट्रीय न्यूज पोर्टल को विजिट करते रहे एवं अपनी ई मेल सबमिट कर सब्सक्राइब भी करे। विडियो न्यूज़ देखने के लिए TEN NEWS NATIONAL यूट्यूब चैनल को भी ज़रूर सब्सक्राइब करे।
टेन न्यूज हिंदी | Ten News English | New Delhi News | Greater Noida News | NOIDA News | Yamuna Expressway News | Jewar News | NOIDA Airport News.
टिप्पणियाँ बंद हैं।