त्वचा रोगों के उपचार के लिए आयुष मंत्रालय ने जारी किए नए दिशानिर्देश
टेन न्यूज़ नेटवर्क
National News (13 October 2026): त्वचा संबंधी बीमारियों के उपचार में एकरूपता और देखभाल की गुणवत्ता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयुष मंत्रालय ने चार पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के लिए मानक उपचार दिशानिर्देश जारी किए हैं। इनमें आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी और होम्योपैथी को शामिल किया गया है, जबकि योग को भी इस पहल का हिस्सा बनाया गया है। 13 अक्टूबर 2026 को जारी इन दिशानिर्देशों का उद्देश्य त्वचा रोगों की रोकथाम, पहचान, उपचार और उपचार के बाद देखभाल के लिए व्यवस्थित रूपरेखा उपलब्ध कराना है। मंत्रालय के अनुसार, यह पहल आयुष चिकित्सा प्रणालियों में नैदानिक अभ्यास को अधिक मानकीकृत बनाने, गुणवत्ता आश्वासन को मजबूत करने और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर उपचार संबंधी निर्णय लेने को प्रोत्साहित करने की दिशा में उठाया गया कदम है।
इन दिशानिर्देशों में सोरायसिस, विटिलिगो यानी सफेद दाग, डर्मेटाइटिस, पित्ती और डर्मेटोफाइटोसिस जैसे सामान्य त्वचा विकारों के प्रबंधन से संबंधित सिफारिशें दी गई हैं। प्रत्येक चिकित्सा पद्धति के लिए अलग-अलग दिशानिर्देश तैयार किए गए हैं, ताकि संबंधित प्रणाली के सिद्धांतों के अनुरूप रोकथाम, निदान, उपचार, अनुवर्ती देखभाल और पुनर्वास के बारे में चिकित्सकों को मार्गदर्शन मिल सके। आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री प्रतापराव जाधव ने कहा कि ये दिशानिर्देश आयुष प्रणालियों को राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा ढांचे के साथ अधिक प्रभावी ढंग से जोड़ने में मदद कर सकते हैं। उन्होंने इनके माध्यम से सुरक्षित, समग्र और साक्ष्य-आधारित देखभाल को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
आयुष मंत्रालय के सचिव वैद्य राजेश कोटेचा ने कहा कि त्वचा संबंधी विकारों के लिए मानक उपचार दिशानिर्देश तैयार करना उपचार में मानकीकरण, गुणवत्ता और साक्ष्य-आधारित अभ्यास को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उनके अनुसार, इन दिशानिर्देशों में रोकथाम से लेकर निदान, उपचार और आगे की देखभाल तक व्यावहारिक सुझाव शामिल किए गए हैं। वहीं, स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक डॉ. लवनीश जी. कृष्णा ने त्वचा रोगों के प्रबंधन में विभिन्न चिकित्सा क्षेत्रों के बीच सहयोग की अहमियत बताई। मंत्रालय के मुताबिक, इन दिशानिर्देशों से चिकित्सकों को रोगियों की जरूरतों के अनुरूप निर्णय लेने और देखभाल की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाने में सहायता मिलने की उम्मीद है।
दिशानिर्देशों को तैयार करने के लिए आयुष अनुसंधान परिषदों, आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी और होम्योपैथी के वरिष्ठ अकादमिक विशेषज्ञों, योग विशेषज्ञों तथा आधुनिक चिकित्सा क्षेत्र के विशेषज्ञों की मदद ली गई। इस प्रक्रिया में पारंपरिक ग्रंथों की समीक्षा, उपलब्ध वैज्ञानिक साक्ष्यों का मूल्यांकन, विशेषज्ञों के साथ परामर्श और सर्वसम्मति के आधार पर विचार-विमर्श शामिल रहा। मंत्रालय ने बताया कि दिशानिर्देशों की व्यावहारिक उपयोगिता जांचने के लिए वास्तविक चिकित्सा परिस्थितियों में इनका क्षेत्र-स्तरीय सत्यापन भी किया गया। इसके तहत आयुष विभाग ने दिल्ली सरकार के आयुष निदेशालय के साथ मिलकर प्राथमिक और माध्यमिक स्वास्थ्य सेवाओं में कार्यरत चिकित्सा अधिकारियों के सहयोग से प्रोटोकॉल का परीक्षण किया। अधिकारियों से मिली प्रतिक्रिया को अंतिम दिशानिर्देशों में शामिल किया गया, ताकि वे चिकित्सकीय परिस्थितियों में अधिक उपयोगी साबित हो सकें।
आयुष मंत्रालय को उम्मीद है कि इन दिशानिर्देशों से चिकित्सकों के प्रशिक्षण, क्षमता निर्माण, शिक्षा और भविष्य में होने वाले अनुसंधान को भी बढ़ावा मिलेगा। ये दस्तावेज आयुष चिकित्सकों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं और नीति निर्माताओं के लिए संदर्भ सामग्री के रूप में उपयोगी हो सकते हैं। मंत्रालय ने चारों चिकित्सा पद्धतियों के दिशानिर्देश अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराए हैं। आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी और होम्योपैथी के लिए अलग-अलग दस्तावेज जारी किए गए हैं, जिनमें संबंधित पद्धति के अनुसार त्वचा रोगों के प्रबंधन की सिफारिशें दी गई हैं। हालांकि, दिशानिर्देश जारी होने का अर्थ यह नहीं है कि हर उपचार की प्रभावशीलता सभी रोगियों में समान होगी; त्वचा रोग के प्रकार और गंभीरता के अनुसार योग्य चिकित्सक से परामर्श करना जरूरी है।
अनुशासन-वार मानक उपचार दिशानिर्देश
आयुर्वेद – त्वचा संबंधी विकारों के प्रबंधन के लिए मानक उपचार दिशानिर्देश
[दिशानिर्देश लिंक]: https://www.ayush.gov.in/assets/pdf/whatsnew/STG_Dermatological_Disorders_Ayurveda.pdf
सिद्ध चिकित्सा – त्वचा संबंधी विकारों के प्रबंधन के लिए मानक उपचार दिशानिर्देश
[दिशानिर्देश लिंक]:
https://www.ayush.gov.in/assets/pdf/whatsnew/STG_Dermatological_Disorders_Siddha.pdf
यूनानी चिकित्सा पद्धति के अनुसार त्वचा संबंधी विकारों के प्रबंधन के लिए मानक उपचार दिशानिर्देश
[दिशानिर्देश लिंक]:
https://www.ayush.gov.in/assets/pdf/whatsnew/STG_Dermatological_Disorders_Unani.pdf
होम्योपैथी – त्वचा संबंधी विकारों के प्रबंधन पर मानक उपचार दिशानिर्देश
[दिशानिर्देश लिंक]:
https://www.ayush.gov.in/assets/pdf/whatsnew/STG_Dermatological_Disorders_Homoeopathy.pdf
प्रिय पाठकों एवं दर्शकों, प्रतिदिन भारत सरकार , दिल्ली सरकार, राष्ट्रीय एवं दिल्ली राजनीति , दिल्ली मेट्रो, दिल्ली पुलिस तथा दिल्ली नगर निगम, NDMC, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की ताजा एवं बड़ी खबरें पढ़ने के लिए hindi.tennews.in : राष्ट्रीय न्यूज पोर्टल को विजिट करते रहे एवं अपनी ई मेल सबमिट कर सब्सक्राइब भी करे। विडियो न्यूज़ देखने के लिए TEN NEWS NATIONAL यूट्यूब चैनल को भी ज़रूर सब्सक्राइब करे।
टेन न्यूज हिंदी | Ten News English | New Delhi News | Greater Noida News | NOIDA News | Yamuna Expressway News | Jewar News | NOIDA Airport News.
टिप्पणियाँ बंद हैं।